भाकियू टिकैत का भाजपा के खिलाफ "हल्ला बोल" आंदोलन शुरू

भाकियू टिकैत का भाजपा के खिलाफ "हल्ला बोल" आंदोलन शुरू



गाज़ियाबाद। भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के राष्ट्रीय प्रेस प्रभारी शूटर शमशेर राणा और जिलाध्यक्ष चौ० बिजेंद्र सिंह के नेतृत्व में डीजल पेट्रोल के बढ़ते दामों और भ्रष्टाचार तथा पुलिस उत्पीड़न के मद्देनजर "हल्ला बोल" आंदोलन की शुरुआत करते हुए धरना प्रदर्शन किया।


याद रहे यह आंदोलन चौधरी राकेश टिकैत के निर्देशानुसार देश भर की तहसीलों में किया जा रहा हैं। इस मौके पर धरने को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय प्रेस प्रभारी शूटर शमशेर राणा ने कहा कि खाद रसायन बिजली की महंगाई के बाद अब देश में पहली बार डीजल के दाम पैट्रोल से भी अधिक हो गए हैं। जिसका असर सीधे सीधे किसानों के साथ आम जनता पर भी पड़ेगा। सार्वजनिक किराया बढ़ेगा, जिससे हर माल महंगा होगा। लॉक डाउन के बहाने से पुलिस उत्पीड़न चरम सीमा पर हैं वह अपने उच्चाधिकारियों के नियंत्रण से बाहर होकर किसानों आम नागरिकों पर घोर अत्याचार कर रहे हैं स्वार्थवश फर्जी मुकदमें लगा रहे हैं। वाहनों को बे- वजह चालान सील किया जा रहा है। किसी भी कार्यालय में कार्य नहीं किया जा रहा है और अगर कार्य हो रहा है तो भ्रष्टाचार चरम सीमा पर हैं। जनता त्राहिमाम त्राहिमाम कर रहीं हैं।


अब सर्मायेदारों की इस भ्रष्ट भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ हल्ला बोल आंदोलन चलता ही रहेगा जब तक कि हमारे मुद्दों का समाधान नहीं हो जाता है। यदि ऐसा नहीं होता तो आगामी चुनावों में किसान मजदूरों की पीड़ा और बददुआएं हराने का काम करेगी। ऐसा टिकैत साहब का निर्देश हैं।


जिलाध्यक्ष चौ० बिजेंद्र सिंह ने कहा कि लॉक डाउन के दौरान फल, सब्जी, मधु मक्खी, पोल्ट्री, मछली पालन आदि को अविलंब डेढ़ लाख करोड़ का पैकेज दिया जाए। 


किसान सम्मान निधि का लाभ पहली किश्त की तरह सभी किसानों को दिया जाए तथा इसकी राशि को छह हजार से बढ़ा कर 24 हजार रुपए किया जाए। न्यूनतम समर्थन मूल्य को कानून के दायरे में लाकर समर्थन मूल्य से नीचे खरीद करने वालों पर कार्यवाही करते हुए किसानों की प्रत्येक दिन मंडी में हो रही लूट को रोका जाए। गन्ना भुगतान अविलंब किया जाए। किसानों के सभी तरह के पिछले एक साल तक के कर्ज माफ़ किए जाएं।


इस मौके पर प्रधान दीन मोहमद , जय कुमार मलिक, शब्बीर, वेदपाल मुखिया, चौधरी महेन्द्र सिंह, मोती चौधरी, सोनी आदि मौजूद थे।


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